🐀 चूहे-दीमक खा गए 26 हजार क्विंटल धान, ₹7 करोड़ का नुकसान या सुनियोजित हेराफेरी?
लोकेशन: कवर्धा
रिपोर्टर: विजय सिंह 06/01/2026
कवर्धा। कबीरधाम जिले में समर्थन मूल्य पर खरीदे गए धान के भंडारण को लेकर बड़ा और चौंकाने वाला मामला सामने आया है। जिले के दो प्रमुख संग्रहण केंद्रों से 26 हजार क्विंटल धान गायब बताया जा रहा है, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 7 करोड़ रुपये है। हैरानी की बात यह है कि जिम्मेदार अधिकारियों ने इसका कारण चूहे, दीमक और मौसम को बताया है।
🔍 दो संग्रहण केंद्र सवालों के घेरे में…
वर्ष 2024–25 में समर्थन मूल्य पर खरीदे गए धान का भंडारण बाजार चारभाठा और बघर्रा संग्रहण केंद्रों में किया गया था। कुल 7 लाख 99 हजार क्विंटल धान के मिलान के दौरान 26 हजार क्विंटल की भारी कमी सामने आई। इसमें सबसे अधिक गड़बड़ी चारभाठा केंद्र में पाई गई, जहां से 22 हजार क्विंटल धान गायब बताया जा रहा है।

⚠️ फर्जीवाड़े के गंभीर आरोप…
चारभाठा संग्रहण केंद्र के प्रभारी के खिलाफ उच्च स्तरीय शिकायत दर्ज की गई है। आरोप है कि प्रभारी ने उपार्जन केंद्र के कर्मचारियों के साथ मिलकर फर्जी आवक-जावक, डैमेज धान के फर्जी बिल, मजदूरों की फर्जी हाजिरी और सीसीटीवी कैमरों से छेड़छाड़ कर सुनियोजित हेराफेरी की। इस पूरे खेल में करीब 5 करोड़ रुपये की हेराफेरी की आशंका जताई जा रही है।
🏛️ अधिकारियों के बयान…
जिला विपणन अधिकारी अभिषेक मिश्रा ने बताया कि संग्रहण केंद्र प्रभारी प्रितेश पांडेय को हटा दिया गया है। उनका कहना है कि धान की कमी मौसम और कीट-पतंगों से हुए नुकसान के कारण हुई है तथा प्रदेश के अन्य जिलों की तुलना में कबीरधाम की स्थिति बेहतर है।
🔎 जांच टीम गठित, कार्रवाई के संकेत…
सहायक जिला खाद्य अधिकारी मदन साहू ने बताया कि शिकायत गंभीर है और प्रारंभिक जांच में आरोप सही पाए गए हैं। मामले की जांच के लिए टीम गठित कर दी गई है और अंतिम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

