🔍 गांजा पीकर उड़ा रहा था जहाज़…
🛑 Air India केस में सामने आई चौंकाने वाली कड़ी…
🚨 Phuket-Delhi Air India फ्लाइट में ख़ौफनाक वाक़या…
भारत समाचार 24×7.net…
विशेष रिपोर्ट…
✍️शब्बीर हसन…
नई दिल्ली/फुकेट। Air India की Phuket से Delhi आ रही फ्लाइट AI2379 में 4 अगस्त को हुई 300 फीट की अचानक altitude loss की घटना ने अब बेहद गंभीर मोड़ ले लिया है। ताज़ा रिपोर्टों के मुताबिक, विमान के Pilot-in-Command (PIC) का confirmatory drug test marijuana के लिए positive आया है। घटना के दौरान विमान में 137 यात्री और 8 क्रू सदस्य सवार थे।
⚠️ कॉकपिट में पायलट का कथित असामान्य व्यवहार…
ताज़ा मीडिया रिपोर्टों में सूत्रों के हवाले से दावा किया गया है कि उड़ान के दौरान Pilot-in-Command अपनी सीट पर सामान्य रूप से नहीं बैठा था, बल्कि कॉकपिट में खड़ा होकर पीछे की ओर झुका हुआ दिखाई दिया। उसके व्यवहार को लेकर Cabin Crew ने गंभीर चिंता जताई और कथित तौर पर उसे वापस सीट पर लाने के लिए हस्तक्षेप करना पड़ा।
🛫 300 फीट नीचे गया विमान, Co-Pilot ने संभाला मोर्चा…
इसी घटनाक्रम के बीच विमान ने cruising altitude से लगभग 300 फीट की अचानक गिरावट दर्ज की। रिपोर्टों के अनुसार, स्थिति को देखते हुए Co-Pilot ने विमान का नियंत्रण संभाला और विमान को सुरक्षित तरीके से स्थिर किया। इसके बाद फ्लाइट दिल्ली में सुरक्षित उतरी।
💥 पहले स्क्रीनिंग, फिर Marijuana निकला पॉज़िटिव…
घटना के बाद Pilot-in-Command का psychoactive substances के लिए initial screening test non-negative आया था। इसके बाद confirmatory laboratory test कराया गया, जिसमें marijuana positive पाए जाने की जानकारी सामने आई है। इस खुलासे ने एयरलाइन और विमानन सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
🔍 क्या गांजे के नशे में उड़ाया था विमान?
यही इस पूरे मामले का सबसे बड़ा सवाल है। Marijuana test positive आना और उड़ान के समय पायलट का नशे में होना—दोनों को एक ही बात मानना अभी सही नहीं होगा। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि test में आया परिणाम घटना के समय पायलट की वास्तविक स्थिति से किस तरह संबंधित था। AAIB ने भी कहा है कि उपलब्ध सभी साक्ष्यों की जांच के बाद ही निष्कर्ष निकाला जाना चाहिए।
🎙️ FDR-CVR खोलेगा 300 फीट गिरने का राज़…
पूरे मामले में विमान के Flight Data Recorder (FDR) और Cockpit Voice Recorder (CVR) की जांच बेहद महत्वपूर्ण होगी। Airbus के विशेषज्ञ भी जांच में सहायता कर रहे हैं। इन रिकॉर्डरों से यह पता लगाने में मदद मिलेगी कि 300 फीट की altitude loss से ठीक पहले कॉकपिट में क्या हुआ और विमान के systems तथा दोनों पायलटों ने कैसे प्रतिक्रिया दी।
🚨 सबसे बड़ा सवाल…
अगर पायलट का marijuana confirmatory test वास्तव में घटना से जुड़ा साबित होता है, तो सवाल सिर्फ एक पायलट तक सीमित नहीं रहेगा—क्या flight crew की pre-flight और random drug-testing व्यवस्था पर्याप्त है? क्या layover वाले देशों में उपलब्ध psychoactive substances को लेकर एयरलाइंस की निगरानी व्यवस्था मज़बूत है? यही सवाल अब विमानन सुरक्षा के केंद्र में हैं। सरकार ने मामले को गंभीरता से लेते हुए DGCA से मौजूदा testing regulations की समीक्षा करने को कहा है।
📰 EXCLUSIVE एंगल…
300 फीट की अचानक गिरावट, कॉकपिट में पायलट का कथित असामान्य व्यवहार और confirmatory marijuana-positive test—इन तीनों घटनाक्रमों ने Phuket-Delhi Air India flight incident को महज़ turbulence की घटना से कहीं ज़्यादा गंभीर बना दिया है। हालांकि अंतिम सच FDR, CVR और AAIB की जांच पूरी होने के बाद ही सामने आएगा।

