बालों की क़ीमत ₹25 लाख! सुप्रीम कोर्ट के फ़ैसले से सैलून इंडस्ट्री में हलचल…
भारत समाचार 24×7.net…
विशेष रिपोर्ट…
✍️शब्बीर हसन…
नई दिल्ली। दिल्ली के एक प्रतिष्ठित सैलून में ग़लत हेयरकट के मामले में सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फ़ैसला सुनाते हुए पीड़ित महिला को ₹25 लाख मुआवजा देने का आदेश दिया है। यह मामला वर्ष 2018 का है, जब महिला मॉडलिंग असाइनमेंट के लिए सैलून पहुंची थी और कथित रूप से ग़लत हेयरकट की वजह से उसे कई महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट गंवाने पड़े।

🔎 क्या है पूरा मामला?
पीड़िता का दावा था कि सैलून द्वारा उसकी सहमति के बिना बालों की लंबाई काफी कम कर दी गई, जिससे उसके प्रोफेशनल करियर पर प्रतिकूल असर पड़ा। महिला ने इसे मानसिक उत्पीड़न और आर्थिक नुकसान बताते हुए नेशनल कंज़्यूमर कमीशन में शिकायत दर्ज कराई।
⚖️ पहले 2 करोड़ का आदेश, फिर सुप्रीम कोर्ट में चुनौती…
नेशनल कंज़्यूमर कमीशन ने मामले की सुनवाई के बाद संबंधित होटल प्रबंधन को 2 करोड़ रुपये मुआवजा देने का आदेश दिया था। हालांकि, होटल प्रबंधन ने इस फैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी। सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने मुआवजे की राशि घटाकर ₹25 लाख कर दी।
🧾 सबूतों पर सुप्रीम कोर्ट की सख़्त टिप्पणी…
सुप्रीम कोर्ट ने अपने फ़ैसले में कहा कि बड़े आर्थिक नुकसान के दावे के लिए ठोस और पुख़्ता सबूत आवश्यक होते हैं। अदालत ने माना कि केवल दस्तावेजों की फोटोकॉपी के आधार पर करोड़ों रुपये का मुआवजा नहीं दिया जा सकता। इसी आधार पर मुआवजे की राशि में कटौती की गई। यह फ़ैसला सेवा क्षेत्र में जवाबदेही और उपभोक्ता अधिकारों की अहम मिसाल के रूप में देखा जा रहा है।

